रॉयल स्टार न्यूज : अलीगढ़ और गभाना क्षेत्र से इस समय की प्रमुख खबरें...

पुलिस ने मुठभेड़ में दबोचे शातिर भैंस चोर गैंग के दो बदमाश

इगलास। कोतवाली पुलिस और स्वाट टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए मंगलवार की रात मुठभेड़ में भैंस और अन्य चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले शातिर गैंग के दो बदमाशों को गिरफ्तार कर उपचार के लिए अभिरक्षा में जिला अस्पताल भेजा है। बदमाशों के कब्जे से दो तमंचा, कारतूस, सत्रह हजार रुपए और घटना प्रयुक्त मोटरसाइकिल बरामद की है। पुलिस द्वारा घिरने पर बदमाशों द्वारा चलाई गईं दो गोलियों से कस्बा इंचार्ज और एक सिपाही बाल-बाल बचे हैं। पकड़े गए बदमाशों में एक 25 हजार का इनामी बदमाश है। दोनों बदमाशों पर जिले के कई थाना क्षेत्र में डेढ़ दर्जन से अधिक मुकदमे दर्ज हैं।

सीओ महेश कुमार ने बताया कि वांछित अपराधियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत मंगलवार की रात्रि अलीगढ़ रोड स्थित डबल नहर पर बाइक सवार दो संदिग्ध लोगों को रुकने का इशारा किया तो वह रुकने के बजाय भागने लगे। पुलिस द्वारा पीछा करने पर कुछ दूरी पर उनकी बाइक फिसलकर गिर गई। तभी दोनों बदमाशों ने पुलिस पर जान से मारने की नीयत से अलग-अलग फायर कर दिए। जिसमें कस्बा इंचार्ज रामेश्वर सिंह, कांस्टेबिल जबर बाल बाल बच गए। जवाबी कार्रवाई में दोनों बदमाशों के पैरों में गोली लगी जिससे दोनों घायल हो गए। पूछताछ में दोनों ने अपने नाम क्रमशः सोमवीर उर्फ सुल्ला पुत्र राजेन्द्र सुल्ला निवासी कन्होई थाना गभाना, युनुस पुत्र गरीब खान निवासी दरियापुर थाना जवां बताए। बताया कि उनका संगठित गिरोह है और वह भैंस चोरी के अलावा अन्य चोरी की वारदातों को अंजाम देते हैं। उन्होंने इतनी चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है कि उन्हें उनकी संख्या तक याद नहीं है। सोमवीर का भाई कुलदीप और करथला का सत्यपाल भी उक्त गिरोह में शामिल है। सोमवीर पर 25 हजार का इनाम भी घोषित है। पकड़े गए दोनों बदमाशों पर डेढ़ दर्जन से अधिक मामले जिले के विभिन्न थानों में दर्ज हैं। इंस्पेक्टर नरेन्द्र यादव ने बताया कि गैंग के साथी बदमाशों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

इगलास के कई गांवों से की हैं भैंस चोरी की वारदात

इंस्पेक्टर नरेन्द्र कुमार यादव ने बताया कि बीते कुछ दिनों में बदमाशों ने लालपुर, मोहनपुर और नई तहसील के पीछे से कई भैंस चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया था। पुलिस भैंस चोरों की सुरागरसी में लगी हुई थी। पकड़े गए बदमाश शातिर किस्म गैंग के सदस्य हैं। जो पूरे जिले भर में सक्रिय रहकर भैंस चोरी के अलावा अन्य चोरी की घटनाओं को अंजाम देते हैं। चोरी से पूर्व यह रेकी करते हैं।

एक लाख की भैंस को बेच देते हैं 20 हजार में

इंस्पेक्टर ने बताया कि पूछताछ में बदमाशों ने बताया कि वह भैंस चोरी की घटना को अंजाम देने के बाद गांव के खेतों से होकर करथला के सत्यपाल को उसका कमीशन काटकर 20 हजार रुपए में बेच देते हैं। सत्यपाल उन्हें आगे किसी अन्य को बेच देता है।

You cannot copy content of this page

error: Content is protected !!