शाकाहार शरीर को बीमारियों से लड़ने की क्षमता प्रदान करता है
इगलास। विश्व मांसाहार निषेध दिवस के अवसर पर परोपकार सामाजिक सेवा संस्था द्वारा शांति निकेतन स्कूल, तोछीगढ़ में आज विद्यार्थियों को सदैव शाकाहार अपनाने की शपथ दिलाई और साथ ही बच्चों को मांसाहार से मानव शरीर में होने वाली हानियों से भी अवगत कराया गया।
संस्था के अध्यक्ष जतन चौधरी ने कहा कि प्रत्येक वर्ष 25 नवंबर को विश्व मांसाहार निषेध दिवस मनाया जाता है इस दिवस को मनाने का मुख्य उद्देश्य यह है कि जानवरों के प्रति हिंसा के बर्ताव के प्रति संवेदनशीलता लाना और शाकाहार के प्रति लोगों को प्रेरित करना जिससे एक सभ्य और बेहतर समाज का निर्माण हो सके। विश्व में हमेशा से अहिंसा जैसे विचारों की पूजा होती रही है लेकिन आज भी शहर से लेकर गांव तक हर जगह मांसाहार पर लोगों का भोजन आधारित है जिससे करोड़ों बेजुबान निर्दोष जानवर मानव के आहार का शिकार हो जाते हैं और अहिंसा जैसे विचार का पतन हो जाता है विज्ञान भी यह कहता है कि शाकाहार सबसे बेहतर भोजन है जिससे तमाम प्रकार की बीमारियों से बचा जा सकता है वही मांसाहारी भोजन ग्रहण करने से जहां मानसिक विकार का शिकार मनुष्य आसानी से हो जाता है। मांसाहार से हृदय एवं सांस से संबंधित कई बीमारियों के होने का खतरा अधिक बढ़ जाता है जबकि शाकाहार शरीर को बीमारियों से लड़ने की क्षमता प्रदान करता है। शाकाहारी व्यक्ति अपेक्षाकृत अधिक स्वस्थ एवं दीर्घायु होते हैं। इस अवसर पर प्रबंधक गंगा सहाय शर्मा, मंजू कौशल, नीरू पाराशर, कन्हैया लाल शर्मा, विपिन शर्मा, आदित्य, जितेंद्र कुमार, विकास, अंजली, काजल, सोनी, पूजा, सूरज, साधना आदि मौजूद रहे।