25 हजार का इनामी एएमयू का पूर्व छात्र से पुलिस की हुई मुठभेड़, पैर में लगी गोली
अलीगढ़। थाना सिविल लाइन क्षेत्र में पुलिस की 25 हजार रुपये के इनामी एएमयू के पूर्व छात्र से मुठभेड़ हो गई। आरोपी ने पुलिस को देखते ही गोली चला थी। जिसमें पुलिस की जबाबी कार्रवाई में आरोपी के पैर में गोली लग गई। पुलिस ने आरोपी को उपचार को अस्पताल में भर्ती कराया है। आरोपी पर जानलेवा हमला समेत विभिन्न धाराओं में कई मुकदमे दर्ज हैंं, जबकि वह करीब एक साल से फरार चल रहा था।
2023 में एएमयू कैंपस में छात्र को गोली मारकर किया था घायल
एएमयू कैंपस में बीती वर्ष 18 मार्च को आरोपी राशिद अली उर्फ राशिद पुत्र अशरफ अली ने 15-20 साथियों के साथ मिलकर एएमयू के छात्रों से मारपीट की थी और गोली मारकर उन्हें घायल कर दिया था। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गए थे। मामले में एएमयू के कक्षा 11 आर्ट्स के छात्र नुमान पुत्र जमशेद खां की ओर से आरोपी पूर्व छात्र राशिद, एसएफएस छात्र आमान, इम्दादुल हसन, आसिम काना समेत 15-20 अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें उसने बताया था कि आरोपियों ने उसे और उसके दोस्त अब्दुल रज्जाक के साथ पहले गाली गलौज की और फिर धारदार हथियार से हमला कर दिया। जान से मारने की नीयत से गोली चलाई जिसमें उसका दोस्त घायल हो गया। पुलिस आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही थी, लेकिन आरोपी राशिद फरार हो गया था। जिसके बाद पुलिस ने आरोपी के ऊपर 25 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था।
पुलिस टीम पर की फायरिंग
सीओ थर्ड/एएसपी अमृत जैन के अनुसार पुलिस टीम को मुखबिर ने शनिवार रात्रि में एएमयू के वाइल्ड लाइफ साइंस डिपार्टमेंट के पास आरोपी के होने सूचना दी। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने पूरे इलाके में नाकाबंदी कर दी और आरोपी की तलाश शुरू कर दी। आरोपी देर रात में अपनी बिना नंबर प्लेट की बाइक से आ रहा था। पुलिस टीम ने जब राशिद को रोकने का प्रयास किया तो वह भागने लगा। इस दौरान उसकी बाइक फिसल गई। जिस पर आरोपी ने पुलिस टीम पर दो राउंड गोली चला दी। पुलिस टीम ने जवाबी कार्रवाई में फायरिंग शुरू कर दी। जिसमें आरोपी के दाहिने पैर पर गोली लग गई है, और वह जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर उपचार को जेएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया है।
जानलेवा हमला व बलवा समेत आठ मुकदमे दर्ज
सीओ थर्ड एएसपी अमृत जैन ने बताया कि आरोपी राशिद अली एएमयू का पूर्व छात्र है। वर्तमान में उसका पता एएमयू का हॉस्टल है। लेकिन वह मूल रूप से बिहार के पूर्वी चंपारण के वार्ड नंबर 9 का निवासी है। राशिद अली अपराधिक प्रवृत्ति का है। उसके खिलाफ सिविल लाइन थाने में जानलेवा हमले के पांच मुकदमे समेत बलवा, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसाना पहुंचाना, दंगा जैसी धाराओं में आठ मुकदमे दर्ज हैं।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में ये रहे शामिल
आरोपी को गिरफ्तार करने वाली टीम में इंस्पेक्टर सिविल लाइन राजीव कुमार, सर्विलांस प्रभारी इंस्पेक्टर नरेंद्र सिंह, स्वाट टीम प्रभारी इंस्पेक्टर बीडी पांडेय, एसआई धीरज कुमार, एसआई आबिद कुरैशी, एसआई उस्मान अली, एसआई शिव प्रसाद सिंह, हेड कांस्टेबल हरेंद्र मलिक, हेड कांस्टेबल रविकांत, विवेक मलिक, सचिन कुमार, राजवीर सिंह, अजीत सिंह, कांस्टेबल योगेश कुमार, विपिन त्यागी और चालक नरेश कुमार शामिल रहे।