वार्ष्णेय मंदिर के 23 वें पाटोत्सव में सुरभि के भजनों पर झूमे श्रद्धालु
अलीगढ़। श्री वार्ष्णेय मंदिर के 23 वें पाटोत्सव पर छठवें दिन शनिवार को प्रसिद्ध भजन गायिका सुरभि चतुर्वेदी के भजनों पर देर रात तक श्रद्धालु झूमते रहे।
श्री वार्ष्णेय महाविद्यालय के बॉस्केटबॉल मैदान में आयोजित भजन संध्या में जयपुर से आई सुरभि चतुर्वेदी ने हे री सखी मंगल गाओ री…, मोर छड़ी लहराई रे…, तेरा दरवार सांवरे जहां से निराला है…, हमें जिंदा रहने दे ऐ मुरली वाले…., सिया राम जी का डंका लंका में बजवा दिया बजरंग बाला ने…, नैय्या तेरे हवाले ऐ श्याम मुरली वाले…, कभी रूठना ना मुझसे ओ श्याम सांवरे आदि भजनों से पांडाल में मौजूद लोगों को झूमने पर विवश कर दिया। इस दौरान निकाली गई विभिन्न झांकियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया।
आयोजन में एलडी वार्ष्णेय, राधेश्याम गुप्ता, पार्षद अलका गुप्ता, यतेंद्र वाई के, अमित शेखर सर्राफ, सुमित गोटेवाल, देवेंद्र ठेकेदार, जेपी गुप्ता घुट्टी, अनिलराज गुप्ता, भुवनेश आधुनिक, बृजेश कंटक, संजीव बैभव, आकाशदीप वार्ष्णेय एडवोकेट, योगेश वार्ष्णेय बंटी, राजू गनपत, राहुल आदि का सहयोग रहा।