रॉयल स्टार न्यूज : अलीगढ़ और गभाना क्षेत्र से इस समय की प्रमुख खबरें...

टमकौली स्थित अटल आवासीय विद्यायल का प्रधानमंत्री ने किया वर्चुअली लोकार्पण

गभाना। टमकौली स्थित अटल आवासीय विद्यालय का शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वाराणसी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान वर्चुअली लोकार्पण

इस दौरान उन्होंने उत्तर प्रदेश के कुल 16 अटल आवासीय विद्यालयों का लोकार्पण किया। विद्यालय परिसर में एक भव्य कार्यक्रम आयोजित हुआ। जिसमें जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों की मौजूदी में छात्र-छात्राओं, अभिभावकों व स्थानीय लोगों ने एलइडी स्क्रीन पर पीएम का वाराणसी से सजीव कार्यक्रम देखा गया।

बता दें कि तहसील क्षेत्र के गांव टमकौली में अलीगढ़ मंडल के पंजीकृत श्रमिकों के लिए बच्चों को नि:शुल्क शिक्षा प्रदान करने के लिए करीब 15 एकड़ भूमि में 73.65 करोड़ रुपये की लागत से अटल आवासीय विद्यालय बनाया गया है। 11 सितंबर को विद्यालय में शिक्षा सत्र का प्रारंभ किया जा चुका है। जिसमें अलीगढ़, हाथरस, एटा व कासगंज के पंजीकृत श्रमिकों के 80 बच्चे कक्षा छह में अध्ययनरत है।कार्यक्रम का शुभारंभ मंडलायुक्त रवेंद्र व सभी जनप्रतिनिधियों ने मां सरस्वती व भारत माता की तस्वीर के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। इस दौरान स्कूली छात्राओं ने सरस्वती वंदना व स्वागत गान की प्रस्तुति देकर लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

कार्यक्रम में श्रम एवं कर्मकार सन्न निर्माण समिति अध्यक्ष व राज्यमंत्री ठा. रघुराज सिंह ने कहा कि प्रदेश में करीब 1 करोड़ 57 लाख पंजीकृत श्रमिक हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की प्रेरणा पर यह विद्यालय सेस की एक प्रतिशत धनराशि से बनाएं गए हैं। यह विद्यालय न केवल श्रमिकों, निराश्रितों व वंचित वर्ग के बच्चों के लिए शिक्षा का सपना साकार करने वाला कदम होगा बल्कि गुरुकुल परंपरा के मूल्यों को साथ लेकर भारतीय मूल्यों का संवर्धन कर युवाओं की एक ऐसी पौध विकसित करेगा जो पूरी दुनिया में भारत के सच्चे मूल्यों के ध्वजवाहक बनेंगे। उन्होंने अभिभावकों से कहा कि अब बच्चों की चिंता करने की आवश्यकता नही है, क्योंकि उनके बच्चों को सरकार ने गोद ले लिया है। मुख्यमंत्री ने घोषणा की है कि यह विद्यायल अब प्रत्येक मंडल के साथ ही प्रत्येक जनपदों में स्थापित किए जाएंगे। जिससे अधिक से अधिक श्रमिकों के बच्चों को उच्च कोटि की शिक्षा मिल सके।सांसद सतीश गौतम ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री व भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी का सपना था कि देश के निम्न आय वर्ग के लोगों तक भी वर्ल्ड क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर्स और सुविधाओं तक पहुंच हो। पंडित दीनदयाल उपाध्याय की विचारधारा व अंत्योदय की प्रेरणा को साकार करने के लिए पीएम नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से मुख्यमंत्री ने प्रदेश में अटल आवासीय विद्यालयों की शुरुआत की है। उन्होंने कहा कि यह विद्यालय न केवल छात्रों के कौशल विकास का केंद्र बनेंगे, बल्कि देश की उन्नति में योगदान देने वाले श्रमिकों, वंचितों व निराश्रितों के बच्चों के लिए शिक्षा के साथ ही समेकित विकास का मार्ग प्रशस्त करेंगे। यह विद्यालय छात्रों की कामयाबी में मील का पत्थर साबित होगा।

जिला पंचायत अध्यक्ष विजय सिंह ने कहा कि प्रदेश की जनता को प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री को धन्यवाद देना चाहिए। उन्होंने आर्थिक रूप से कमजोर एवं निराश्रित बच्चों की सुध लेते हुए भव्य अटल आवासीय विद्यालयों का संचालन किया। किसी ने सपने में भी नहीं सोचा था कि श्रमिकों एवं निराश्रित बच्चों को निश्शुल्क, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त होगी। आज तपती दोपहरी में कार्य कर रहे माता-पिता का सपना पूरा हो रहा है।

बरौली विधायक ठा. जयवीर सिंह ने कहा कि बनाने वाला बनने वाले से सदैव बड़ा होता है। उन्होंने अलीगढ़ मंडल बनाने का श्रेय जनता को देते हुए कहा कि यह उनकी मेहनत का नतीजा है कि आज प्रदेश सरकार ने यहां पर अटल आवासीय विद्यालय बनाया है। जनपद के सभी जनप्रतिनिधि एकजुट होकर जनपद के विकास के लिए प्रयासरत रहते हैं। आज सही मायनों में अन्त्योदय के प्रणेता पं. दीनदयाल उपाध्याय जी का सपना साकार हो रहा है क्योंकि इस विद्यालय में अंतिम कतार में खड़े विकास की बाट जोह रहे परिवार का बच्चा निश्शुल्क उच्च गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उचित रहन-सहन और खानपान के साथ प्राप्त करेगा।एमएलसी डा. मानवेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि अब श्रमिकों व आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को बच्चों की शिक्षा में धन बाधा नहीं बन सकेगा। इस विद्यालय के निर्माण से श्रमिकों के बच्चों के व्यक्तित्व का विकास होगा तथा भारत का भविष्य निर्मित होगा। अब शिक्षा किताबों तक सीमित नहीं रहेगी। पहले एक मजदूर बड़े-बड़े विद्यालय तो बनाता था, लेकिन बाहर निकलने के बाद वह या उसका बच्चा कभी भी उस विद्यालय में घुस नहीं सकता है। मुख्यमंत्री की दूरगामी सोच से अटल आवासीय विद्यालय बनाए गये है, इसमें बच्चा रहेगा भी और पढ़ेगा भी।

डीएम इन्द्र विक्रम सिंह ने कहा कि अटल आवासीय विद्यालय में श्रमिकों के बच्चे प्रतिस्पर्धा के माध्यम से चयनित होकर आए हैं, जिन बच्चों ने प्रवेश पा लिया है वह इस अवसर का लाभ उठाएं। प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री का संकल्प है कि अंतिम पायदान के व्यक्ति को वह सभी संसाधन एवं सुविधाएं मिल सके, जो किसी भी प्रतिष्ठित परिवार के बच्चे को मिलता है। उन्होंने कहा कि वह स्वयं और कमिश्नर भी इतने भव्य स्कूल से शिक्षित नहीं है। आप वह भाग्यशाली बच्चे हैं जिनको सरकार की ओर से यह सुविधाएं मिल रही हैं। उन्होंने अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि वह बच्चों से मिले फीड बैक से अवगत जरूर कराएं, ताकि जो कमियां हैं, उन्हें भी दुरूस्त कर लिया जाए।कार्यक्रम में एमएलसी ऋषिपाल सिंह, कोल विधायक अनिल पाराशर, छर्रा विधायक रवेंद्र सिंह ने भी अपने विचार रखे। इस दौरान जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों ने अटल आवासीय विद्यालय स्मारिका का विमोचन किया।

इस मौके पर डीएलसी मेरठ एवं प्रभारी अधिकारी अटल आवासीय विद्यालय राजीव सिंह, एसडीएम केबी सिंह, डीएलसी सियाराम, ब्लाक प्रमुख जवां हरेंद्र सिंह, एएलसी शेर सिंह, श्रम प्रवर्तन अधिकारी जितेंद्र सिंह, प्रधानाचार्य रोहित सारस्वत, एपी सिंह, सुमन द्विवेदी, हरेंद्र चौधरी, प. श्यामबाबू शर्मा, विपिन कुमार सिंह, अनिल प्रधान, दिनेश शर्मा, संजेश शर्मा, शीलेंद्र सिंह, सोनू सिंह, जगवीर सिंह, आदित्य त्यागी आदि मौजूद रहे।

You cannot copy content of this page

error: Content is protected !!