करंट की चपेट में आने से बुझ गया परिवार का इकलौता चिराग
जवां। क्षेत्र के गांव दाऊपुर में करंट की चपेट में आने से किशोर की मौत हो गई। हादसे के बाद मृतक के परिवार में कोहराम मच गया।
मिली जानकारी के अनुसार क्षेत्र के गांव दाऊपुर में राजेंद्र सिंह की करीब दस वर्ष पूर्व मौत हो चुकी है। वह अपने पीछे चार बेटी व एक बेटा को छोड़कर गए थे। जिसमें तीन बेटी की पूर्व में ही शादी हो चुकी है। जबकि घर में उनकी पत्नी प्रेमलता देवी के अलावा 15 वर्षीय बेटा श्रीकांत चौधरी व एक दिव्यांग बेटी रह गए हैं। सोमवार को श्रीकांत घर से खेतों पर पानी लगाने जा रहा था। तभी घर में अचानक से टूटे पड़े बिजली के तार पर उसका पैर पड़ गया। जिससे वह अचेत होकर जमीन पर गिर पड़ा। परिजन आस-पड़ोस के लोगों की मदद से उसे कस्बा के सीएचसी में उपचार को लेकर पहुंचे। जहां पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद मृतक की मां प्रेमलता देवी व छोटी बहन का रो-रोकर बुरा हाल हाे गया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है।
जंगल में बेहोश मिले तीन सांड, हिंदूवादी संगठन में पनपा आक्रोश
जवां। थाना क्षेत्र की चौकी अमरौली के जंगल में ग्रामीणों को तीन सांड बेहोशी की हालत में पड़े हुए मिले। जिस पर हिंदूवादी संगठन के लोगों में आक्रोश पनप गया। सूचना पर इलाका पुलिस के अलावा पशु चिकित्साधिकारी मौके पर पहुंच गए।
मिली जानकरी के अनुसार क्षेत्र के गांव अमरौली के जंगल में सोमवार शाम को ग्रामीणों को तीन सांड बेहोशी की हालत में पड़े मिले। जानकारी पर बड़ी संख्या में ग्रामीणों के अलावा हिंदू रक्षा दल के जिला संयोजक भूपेंद्र राजपूत अपने अन्य कार्यकर्ताआें के साथ मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों में घटना को लेकर आक्रोश पनपने लगा। लोगों का आरोप था कि किसी असमाजिक तत्व के लोगों ने तीनों सांड को मारने का प्रयास किया है। सूचना पर चौकी प्रभारी नकुल चौधरी के अलावा पशु चिकित्साधिकारी डॉ. सुनील सारस्वत मौके पर पहुंच गए। पशु चिकित्साधिकारी ने बेहोश सांडों का उपचार शुरू कर दिया। तब कहीं जाकर उन्हें होश आ सका। मामले में हिंदू रक्षा दल के संयोजक ने थाना पुलिस से आरोपियों को तलाश कर जेल भेजने की मांग की। मामले में चौकी प्रभारी नकुल चौधरी ने खेतों में विचरण के दौरान कोई कीटनाशक दवा के खाने से बेहोश होने की बात कहीं है। वहीं पशु चिकित्साधिकारी डाॅ. सुनील सारस्वत ने साड़ों को आसामाजिक तत्वों द्वारा जहरीला इंजेक्शन देने की बात कहीं है। उन्होंने बताया कि उपचार के बाद तीनों सांड खतरे से बाहर हैं।