बीएएमएस के नवागत विद्यार्थियों लिए ट्रांजिशनल करिकुलम कार्यक्रम शुरू
मंगलायतन आयुर्वेदा मेडिकल काॅलेज एंड रिसर्च सेंटर द्वारा 15 दिवसीय कार्यक्रम का होगा आयोजन
अलीगढ़। मंगलायतन विश्वविद्यालय के मंगलायतन आयुर्वेदा मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च सेंटर द्वारा बीएएमएस (बैचलर ऑफ आयुर्वेद मेडिसिन एंड सर्जरी) के नए बैच के विद्यार्थियों के लिए 15 दिवसीय ट्रांजिशनल करिकुलम कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान धन्वंतरि के समक्ष दीप प्रज्जवलित करके किया गया। डा. पीसी शुक्ला ने विधि विधान से मां सरस्वती व भगवान धन्वंतरि का पूजन कराया। नवागत विद्यार्थियों का तिलक लगाकर स्वागत किया गया और उन्हें किट भेंट की गई। कार्यक्रम में विद्यार्थियों के साथ ही अभिभावकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
प्रधानाचार्या डा. कुमुदिनी प्रदीप पवार ने विश्वविद्यालय के इंफ्राटैक्टचर की जानकारी देने के साथ ही विद्यार्थियों को आयुर्वेद के क्षेत्र में अपार संभावनाओं से रूबरू कराया। शिक्षण व्यवस्था पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए उन्होंने हर्बल गार्डन, हॉस्पिटल, प्रयोगशाला, पुस्तकालय आदि की जानकारी साझा की। 15 दिवसीय कार्यक्रम की रूपरेखा बताते हुए कहा कि प्रतिदिन छह व्याख्यान होंगे और इसके साथ ही विद्यार्थियों को संस्कृत बोलना भी सिखाया जाएगा। डा. पीसी शुक्ला ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस ज्ञान के यज्ञ में आहुति देकर स्वयं को श्रेष्ठ सिद्ध करने की आवश्यकता है। विद्यार्थी उपाधि के साथ ज्ञान का अर्जन करें। कार्यक्रम के आयोजन पर कुलपति प्रो. पीके दशोरा ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि आयुर्वेद सामयिक और प्रासंगिक है। यह दर्शाता है कि भारतीय चिकित्सा पद्धति प्राचीन काल से ही उन्नत रही है। वहीं कुलसचिव बिग्रेडियर समरवीर सिंह, परीक्षा नियंत्रक प्रो. दिनेश शर्मा, प्रशासनिक अधिकारी गोपाल राजपूत ने विद्यार्थियों को उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम का संचालन छात्रा साक्षी व छात्र रोहित ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर सीनियर मैनेजर मार्केटिंग मयंक प्रताप सिंह, डा. सतेंद्र कुमार राठौर, डा. मनीष, डा. वेद प्रकाश शर्मा, डा. कुलदीप चैहान, डा. वीना, डा. ऐश्वर्या बाबू, डा. सविता, डा. प्रतिभा प्रकाश, डा. श्याम आरजे, डा. विष्णु, डा. देश दीपक वर्मा, डा. रेखा रानी, डा. कांता, डा. नीरज कुमार, राघवेंद्र सारस्वत, ममता शर्मा, मनीष यादव, ग्रीस आदि थे।