अनुशासन और राष्ट्र प्रेम के रंग में रंगे नन्हे स्वयंसेवक, जसराम सिंह इंटर काॅलेज में बालकुंभ का आयोजन
गभाना। सोमना मोड़ स्थित जसराम सिंह सरस्वती इंटर कॉलेज का परिसर रविवार को उस समय राष्ट्रभक्ति के रंग में सराबोर हो गया, जब राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा आयोजित दो दिवसीय ‘बालकुंभ’ का भव्य समापन हुआ। संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित इस विशेष शिविर में नन्हे स्वयंसेवकों के भीतर छिपी अद्भुत ऊर्जा, सेवा भाव और अटूट अनुशासन की झलक देखने को मिली।
नन्हे कदमों में राष्ट्र निर्माण का अडिग संकल्प
शनिवार शाम से आरंभ हुए इस शिविर में कक्षा चार से आठ तक के लगभग 150 बाल स्वयंसेवकों ने प्रतिभाग किया। ‘भारत माता की जय’ और ‘वंदे मातरम’ के गगनभेदी जयघोष के बीच इन बच्चों ने योग, दंड-प्रहार, समता और विभिन्न साहसिक खेलों के माध्यम से न केवल शारीरिक पराक्रम दिखाया, बल्कि यह भी सिद्ध किया कि वे भविष्य के एक सशक्त और संगठित भारत की नींव हैं। शिविर में बच्चों के शारीरिक प्रदर्शनों ने वहां मौजूद सभी अतिथियों और अभिभावकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
खेल के मैदान से ही प्रशस्त होगा अखंड भारत का मार्ग
समापन सत्र के दौरान मुख्य वक्ता विभाग प्रचारक गोविंद ने अपने ओजस्वी संबोधन से स्वयंसेवकों में जोश भरते हुए कह कि खेल का मैदान केवल पसीना बहाने की जगह नहीं, बल्कि यह व्यक्तित्व के निर्माण की पवित्र स्थली है। यहाँ हम जो खेल-खेल में अनुशासन, परस्पर सहयोग और समूह में कार्य करने की क्षमता सीखते हैं, वही गुण आगे चलकर राष्ट्र निर्माण की मुख्य धारा बनते हैं। जिस प्रकार एक खेल को जीतने के लिए पूरी टीम का एक लक्ष्य और एक मन होना आवश्यक है, ठीक उसी प्रकार भारत को विश्व गुरु बनाने के लिए पूरे समाज का संगठित और संस्कारवान होना अनिवार्य है। उन्होंने अभिभावकों से विशेष अपील करते हुए कहा कि बच्चों को भौतिक शिक्षा के साथ-साथ भारतीय संस्कारों और गौरवशाली संस्कृति से जोड़ना समय की मांग है, ताकि वे अपनी जड़ों को न भूलें और एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में उभरें।
इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति
आयोजन को सफल बनाने में जिला प्रचारक अनमोल कुमार, जिला कार्यवाह शिवकांत रावत, नगर कार्यवाह भुवनेश कुमार, जिला शारीरिक प्रमुख शिवम तिवारी, केशव मालान, राकेश कुमार सिंह, कन्हैया, दुष्यंत प्रताप, अजय जादौन, दाऊदयाल, कपिल, अजीत, रूपेश, योगेंद्र, तरुण, विवेक सिंह, उत्कर्ष, निखिल आदि का सहयोग रहा।