हिंदी दिवस पर हुई भाषण प्रतियोगिता में मोनिका रही प्रथम
गभाना। कस्बा के मान्यवर काशीराम राजकीय महाविद्यालय में शनिवार को हिंदी दिवस पर विचार संगोष्ठी व भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। जिसमें छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
प्रतियोगिता का शुभारंभ प्राचार्या डॉ. अनीता रानी राठौर ने करते हुए कहा कि हिंदी एक समर्थ और सशक्त भाषा है, जिसकी सर्वग्राहिता इसकी सबसे बड़ी शक्ति है। हिंदी को यदि हम अपनी कार्य संस्कृति में शामिल करें तो उसकी बेहतरी के लिए अच्छा काम कर सकते हैं। हमें हिंदी के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण रखने की जरूरत है। हम अपनी दिनचर्या में हिंदी भाषा का बढ़-चढ़कर प्रयोग करेंगे तो भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्वस्तर तक हिंदी की अलग पहचान बनेगी। अपनी मातृभाषा का सम्मान करने से ही हमें सम्मान मिलेगा। आजादी के समय महापुरुषों ने हिंदी के लिए जो सपना देखा, उन सपनों को हमें हिंदी को संवैधानिक रूप से राष्ट्रभाषा बनाकर पूरा करना है।
वरिष्ठ प्रवक्ता डॉ. रामेंद्र रमण शर्मा ने हिंदी के समर्पण और इसके व्यापक प्रयोग की आवश्यकता पर जोर दिया। गोष्ठी में प्राक्टर डॉ. नेत्रपाल सिंह, डा. कालूराम, डा. रामवीर सिंह हिंदी की वर्तमान स्वरूप और इसके व्यावहारिक प्रयोग के महत्व पर विचार व्यक्त किए।
भाषण प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर माेनिका माहेश्वरी, द्वितीय आरती शर्मा, वदर्शनामाहौर तृतीय स्थान पर रही। वहीं काव्य पाठ में ज्योति प्रथम, सुरभि द्वितीय वसुरभी तृतीय स्थान पर रही। इस मौके पर छात्र-छात्राओं ने हिंदी के विकास एवं उसे अपनाने के लिए संकल्प लिया। इस मौके पर डा. संजय सिंह, डा. संदीप गुप्ता, डा. कामिनी, डा. दीपक चौधरी, डा. दीपक अग्रवाल, यती उपाध्याय, काजल, वर्षा, कृष्णा, तमन्ना राघव, पवन शर्मा, संदेश, अंजली आदि मौजूद रहे।