शिक्षकों को लाना होगा शिक्षण विधियों में बदलाव: डा. पंकज मित्तल
-मंगलायतन विश्वविद्यालय में नए प्राध्यापकों व कर्मचारियों के लिए इंडक्शन कार्यक्रम का आयोजन
अलीगढ़। मंगलायतन विश्वविद्यालय में शनिवार को नए प्राध्यापकों व कर्मचारियों के लिए टीम एचआर द्वारा इंडक्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य नए कर्मचारियों को विश्वविद्यालय की संस्कृति, नियम-विधान और शैक्षणिक वातावरण से अवगत कराना था।
एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सिटीज की सचिव डा. पंकज मित्तल ने कहा कि आज के तकनीकी युग में विद्यार्थी का स्तर, उनकी सोच, समझ और ज्ञान का दायरा बहुत विस्तृत हो गया है। इसी दृष्टिकोण से शिक्षकों को अपने सोचने के तरीके और शिक्षण विधियों में बदलाव लाना होगा। यह विद्यार्थियों के साथ ही शिक्षकों के पेशेवर विकास के लिए भी आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि शिक्षकों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति को जानने की भी आवश्यकता है। कुलपति प्रो. पीके दशोरा ने नए सदस्यों को संबोधित करते हुए कहा कि आप सभी विश्वविद्यालय का अभिन्न हिस्सा बने हैं, आपकी मेहनत और प्रयासों से हम विश्वविद्यालय को और नई ऊंचाइयों पर लेकर जाएंगे। उन्होंने प्राध्यापकों से आह्वान किया कि वे छात्रों के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण बनें। कार्यक्रम की शुरुआत में कुलसचिव ब्रिगेडियर समरवीर सिंह ने नए सदस्यों का स्वागत किया और उन्हें विश्वविद्यालय के उद्देश्यों से अवगत कराया। विभिन्न विभागाध्यक्षों ने नए सदस्यों को विभिन्न परियोजनाओं, साधनों, तकनीकों और शैक्षणिक कार्यक्रमों के संबंध में विस्तार से जानकारी प्रदान की।
चेयरमैन हेमंत गोयल ने कार्यक्रम के आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए बताया कि इस कार्यक्रम से नए सदस्यों में नई ऊर्जा का संचार होगा। इस अवसर पर संयुक्त कुलसचिव प्रो. दिनेश शर्मा, डीन अकादमिक प्रो. राजीव शर्मा, डीन रिसर्च प्रो. रविकांत, डायरेक्टर ओडीएल प्रो. मसूद परवेज, डायरेक्टर एडमिशन प्रो. सौरभ कुमार, प्रो. आरके शर्मा, डा. राजेश उपाध्याय, डा. केपी सिंह, डा. अशोक उपाध्याय, डा. संतोष गौतम आदि थे। संचालन प्रो. अंकुर अग्रवाल ने किया। नए सदस्यों ने अपने विचार और सुझाव भी साझा किए।