अलीगढ़ में दिलचस्प होगा मेयर का चुनाव
सपा ने पूर्व विधायक जमीर उल्लाह खान, बसपा ने सलमान शाहिद को चुनाव मैदान में उतारा
अलीगढ़ । जिले में दूसरे चरण मेें 11 मई को होने वाला चुनाव इस बार काफी दिलचस्प होगा। आम आदमी पार्टी ने सबसे पहले राजकुमार लोधी को टिकट दिया है। शनिवार को सपा ने मुस्लिम कार्ड खेलते हुए पूर्व विधायक जमीर उल्लाह खान को चुनाव मैदान में उतारने का निर्णय लिया है। देर शाम पार्टी की ओर से इसका ऐलान किया गया। इसी बीच सपा के कद्दावर युवा नेता सलमान शाहिद ने भी आनन-फानन में साईकिल की सवारी छोड़कर हाथी पर सवार हो गए। देर रात बसपा ने उन्हें मेयर पद के लिए पार्टी प्रत्याशी घोषित कर दिया। मेयर पद को लेकर अब दिलचस्प मुकाबला देखने को मिलेगा। हालांकि सत्तारूढ़ भाजपा के अलावा कांग्रेस पार्टी की ओर से अभी तक प्रत्याशी की घोषणा नहीं की जा सकी है। भाजपा केे लिए यह चुनाव बेहद प्रतिष्ठापूर्ण बन गया है। पिछली बार भाजपा बेहद कम फासले से चुनाव हार गई थी। भाजपा के डॉ. राजीव अग्रवाल को हराकर बसपा के मोहम्मद फुरकान ने बाजी जीत ली थी। निवर्तमान मेयर मोहम्मद फुरकान फिर से चुनाव में बसपा की ओर से दावेदार थे, लेकिन ऐन वक्त पर सपा को छोड़कर ” हाथी ” की सवारी करने वाले मोहम्म्द शाहिद को वरीयता देते हुए बसपा ने मेयर पद पर चुनाव लड़ाने का ऐलान कर दिया गया। चुनाव में दो मुस्लिम चेहरों के चुनाव मैदान में उतरने से मुकाबला बेहद दिलचस्प हो गया है।
भाजपा के दावेदारों की बढ़ गई धड़कनें
आप,सपा एवं बसपा की ओर से मेयर चुनाव मे प्रत्याशियों का ऐलान कर दिया गया है। ऐसे में अब सबकी निगाहें भाजपा के प्रत्याशी की घोषणा पर लगी हुई हैं। हालांकि कांग्रेस की ओर से भी अभी तक चुनाव के लिए प्रत्याशियों के नाम की घोषणा नहीं की जा सकी है। भाजपा की आेर से मेयर पद के लिए एक दर्जन से अधिक दावेदारों ने अपना दावा मजबूती से पेश किया गया है। इससे पार्टी प्रबंधन के सामने भी अजीब संकट पैदा हो गया है। इसके लिए दावेदारों की जमीनी हकीकत जानने के साथ ही उनकी जनता के बीच की पकड़ की भी जानकारी ली जा रही है। इस बीच भाजपा नेताओं के बीच आपसी खींचतान एवं कहासुनी हो जाने के बाद मेयर प्रत्याशी का नाम तय करने में पार्टी नेताओं को पसीना आ रहा है। पार्टी पिछली हार का बदला चुकाने के लिए मन बना चुकी है।
नगर पालिका एवं नगर पंचायतों में दावेदारों की लंबी फेहरिश्त
भाजपा की ओर से नगरीय निकाय चुनाव में मेयर पद के अलावा पार्षद, नगर पालिका अध्यक्ष एवं नगर पंचायतों में अध्यक्ष एवं वार्ड सदस्यों के नामों की घोषणा नहीं हो सकी है। ऐसे में भाजपाईयों की निगाहें प्रत्याशियों की घोषणा पर टिक गई है। इस बार चुनाव में सबसे अधिक भाजपा की ओर से टिेकट मांगने वाले दावेदारों की लंबी कतारें लगी हुई हैं। हरेक सीट पर टिकट मांगने के लिए कड़ा मुकाबला देखा जा रहा है। राजनीतिक आकाओं केे सहारे भी कुछ लोग चुनाव मैदान में उतरने की तैयारियों में जुट गए हैं। जिले में नगर निगम, नगर पालिका एवं नगर पंचायत समेत 18 निकायों एवं 329 वार्डों में चुनाव होना है। इसके लिए चुनाव कार्यक्रम घोषित हो चुका है। इन सभी पदों के लिए सोमवार से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।